
यह शोध वैज्ञानिको द्वारा दो चुहियों पर किया गया, उन्हें दो श्रेणियों में बाट कर शोधकर्ताओं ने एक समूह को भारी शुगर व फैट का सेवन कराया वही दूसरे समूह को सामान्य मात्रा में सेवन कराया।
लगातार तीन हफ्तों तक वही चीजे दोहराने के बाद स्टडी में सामने निकल कर आया की जिन्हे भारी मात्रा में शुगर व फैट दिया गया था उनमे फैट व ग्लूकोस की मात्रा बढ़ी हुई मिली ।
ग्लूकोस की मात्रा सहनशीलता स्तर से कही अधिक देखने को मिली जिससे preutrine adipose टिश्यू में बदलाव देखने को मिला जोकि महिलाओ की प्रजनन क्षमता पर व्यापक असर डाल सकता है ।