MP में फिर चला नोटा का सोटा: सपा-आप-जदयू-लेफ़्ट अकेले नोटा से बुरी तरह हारे

भोपाल (एमपी) : विधानसभा चुनाव में BJP के लिए मुसीबत बना MP का नोटा 2019 लोकसभा चुनाव में कई दिग्गजों की खटिया खड़ी कर दिया |

आपको याद होगा नवंबर 2018 में एमपी-राजस्थान-छत्तीसगढ़ में हुए विधानसभा चुनाव जिसमें नोटा नें कई मंत्रियों को कुर्सी गिराने का काम किया था | एमपी की शिक्षा मंत्री रहीं अर्चना चिटनिस जितनी वोटों से अपनी बुरहानपुर सीट खो बैठी उससे कहीं अधिक नोटा पड़ गए थे | ऐसे मिलाकर एमपी की 12 सीटें ऐसी थीं जहाँ भाजपा नेता 1 हजार से कम के अंतर से चुनाव हारे लेकिन इनसे अधिक नोटा पड़े | और अंत में शिवराज सिंह सरकार को कुर्सी से हटाने में नोटा नें अपना गेम खेल डाला |

इधर लोकसभा चुनाव में भी कई राज्यों में एमपी का नोटा कई पार्टियों व नेताओं से अधिक वोट पा गया | अगर बात करें एमपी की ही तो यहाँ नोटा नें SP, AAP, JDU, CPI, CPIM, जैसी कई धुरंधर पार्टियों को अकेले हरा दिया |

चुनाव आयोग के आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक MP में वोटिंग प्रतिशत BJP को-58, कांग्रेस-34.5, BSP-238, SP-0.22, CPI-0.25, CPIM-0.03 व अन्य 3.65% |

लेकिन नोटा को देखें तो SP, AAP, CPIM, CPI, JDU को मिलाकर भी इसके बराबर वोट प्रतिशत नहीं होते | एमपी में नोटा को कुल वोट प्रतिशत का 0.92% है |

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