इस मामले में उत्तरी दिल्ली नगर निगम ने कहा है कि स्कूल में धर्म के आधार पर स्टूडेंट्स को क्लास में अलग-अलग बैठाने का आरोप सही है। यह मामला जैसे ही सामने आया है, तुरंत कार्यवाई करते हुए स्कूल प्रमुख को हटा दिया गया है ।
वहीं स्कूल के प्रिंसिपल के मुताबिक, धर्म के आधार पर बच्चों को बांटने की उनकी मंशा नहीं थी,बल्कि शिक्षा के बेहतर माहौल के लिए उन्होंने ये कदम उठाया है ।

इस घटना को संज्ञान में लेते हुए दिल्ली सरकार ने कड़ा रुख अपनाया है और सरकार ने मामले की जाँच की आदेश देते हुए 12 अक्टूबर तक रिपोर्ट मांगी थी।
स्कूल के सेक्शन (बच्चों के धर्म के आधार पर)
क्लास 1 सेक्शनA: हिन्दू-36 , सेक्शनB: मुस्लिम-36
क्लास 2 सेक्शनA: हिन्दू-47 , सेक्शनB: मुस्लिम-26 और 15 हिन्दू , सेक्शनC: मुस्लिम-40
क्लास 3 सेक्शनA: हिन्दू-40 , सेक्शनB: मुस्लिम-11 और 23 हिन्दू, सेक्शनC: मुस्लिम-40, सेक्शनD: मुस्लिम-23 और 14 हिन्दू
क्लास 4 सेक्शनA: हिन्दू-40 , सेक्शनB: मुस्लिम-13 और 19 हिन्दू, सेक्शनC: मुस्लिम-35, सेक्शनD: मुस्लिम-24 और 11 हिन्दू
क्लास 5 सेक्शनA: हिन्दू-45 , सेक्शनB: हिन्दू-49, सेक्शनC: मुस्लिम-39 और हिन्दू-2 , सेक्शनD:मुस्लिम-47