टिहरी – उत्तराखंड में टिहरी गढ़वाल जिले के जामरी काटल तपोवन गाँव में बीते दिनों जमीन विवाद के चलते एससी एसटी एक्ट के तहत एक फर्जी मुकदमा दर्ज करा दिया गया था, जिसमें लक्ष्मी देवी, सीतादेवी, अमित, अतुल सहित 6 वर्षीय अभिनव को भी जेल भिजवा दिया गया था।
आपको जानकर आश्चर्य होगा कि भू-माफियाओं और राजनीतिक नेताओं के दबाव में फर्जी एससी एसटी एक्ट का मुकदमा दर्ज होने के बाद अब पूरा परिवार और पीड़ित माँ अपने 6 वर्षीय बच्चें के साथ जेल में ही भूख हड़ताल पर बैठ गई है और शासन प्रशासन से उचित न्याय की गुहार लगा रहीं हैं।
This 6-year-old Brahmin kid is in jail in a false SC-ST act case filed in Uttarakhand. All 4 family members are on hunger strike( in jail) to protest the arrest made in a false case. The jail authorities are harassing them. No media will show you this as the victims are Brahmins pic.twitter.com/8QSahMO6QY
— Shubham Sharma (@Shubham_fd) January 6, 2023
न्याय के लिए भूख हड़ताल
इतना ही नहीं पीड़ित नरेश चंद्र का आरोप था कि राजस्व विभाग के दस्तावेजों में जमीन उनके नाम पर होने के बावजूद भी पिछले आठ महीने से भू-माफियाओं के द्वारा उनकी जमीन हड़पने की कोशिश की जा रहीं हैं। उन्होंने बताया कि पूर्व में विद्युत कनेक्शन और पेयजल कनेक्शन हेतु आवेदन करने के बाद भी उन्हें विद्युत और पानी का कनेक्शन नहीं दिया गया।
जिसके संबंध में उन्होंने 1 अगस्त 2022 को जनता दरबार में जिलाधिकारी को भी अपनी समस्याओं से अवगत कराया था, लेकिन जिलाधिकारी के द्वारा 1 सप्ताह के अंदर कनेक्शन जारी करने हेतु आदेश दिए जाने के बाद भी उन्हें कनेक्शन नहीं दिया गया था। जिसके बाद पीड़ित परिवार को मजबूरी बस पहले भी भूख हड़ताल पर बैठना पड़ा था।
ट्विटर पर लोगों ने उठाई रिहा करने की आवाज
आपको बता दे कि सोशलमीडिया पर इस खबर के वायरल होने के बाद लोगों में शासन प्रशासन के खिलाफ भी काफी नाराजगी देखने के मिल रहीं है और पीड़ित परिवार को न्याय के साथ-साथ उनकी रिहाई के लिए आवाज बुलंद कर कर रहे हैं।
Kapil reports for Neo Politico Hindi.
